Thundan/ September 1, 2017/ Hindi Romantic Stories, Hindi Sex Stories

Meri Sex Story Par Pinki Ji Ki Series Meri Chut Chulbulati Jaaye, Lund Fod Palang Tod Chamiya Ke Sath Sabse Lokpriya Kahaniyo Me Shamil Ho Gayi Hai…
लेखिका – पिंकी
मैंने थोड़ा छोटा वाला दो मुंहा डिल्डो लिया, एक पार्ट अपने मुंह में डाला तो दूसरा रूचि की मुंह में डाला.. अब मैं और रूचि एक ही डिल्डो को ब्लो जोब दे रहे थे, और निशा और रूचि एक ही डिल्डो से अपनी चूत चुदवा रही थी..
फिर मैंने अपनी पोजीशन चेंज करी..
मैं दोनों के बीच में से नीचे गई और अब मैंने दोनों की चूत को एक एक करके चूसना शुरू किया..
वो दोनों एक दूसरे की चूत को डिल्डो से चोद रहे थे और मैं दोनों की चूत बारी बारी से चूस रही थी..
इस तरह निशा और रूचि एक ही साथ झड़ गये.
दोनों की चूत बारी बारी से चाटी और दोनों की चूत के रस को चूसी..
मैं दोनों की चूत को बारी बारी चूस रही थी तो मैंने देखा की दरवाज़े पे आहना खड़ी खड़ी सब देख रही है..
आहना भी अपने अपने स्कर्ट को उठा के पैंटी के अंदर उंगली कर रही थी..
मैंने उसे हटने का इशारा किया..
मस्त कहानियाँ हैं, मेरी सेक्स स्टोरी डॉट कॉम पर !!! !!
पिंकी – निशा तू रूचि के साथ कंटिन्यू कर, शायद आहना आ गई है.. कुछ आवाज़े आ रही थी..
निशा – जा ना उसे इधर आने मत देना..
फिर रूचि और निशा दोनों ने अपना खेल कंटिन्यू रखा..
मैं अपना पर्स ले के बाहर आई.. आहना अपने रूम के दरवाज़े पे खड़ी थी.. मैं उसके बेडरूम में गई.. दरवाज़ा लॉक किया..
पिंकी – बेटा, अच्छा हुआ तू आ गई.. चल तुझे गाण्ड की चुदाई के बारे में बताती हूँ..
आहना – आंटी, आप लोग लेस्बियन सेक्स कर रहे थे..
पिंकी – हाँ बेटा, पर तू अभी ये सब मत सोच.. अभी काफ़ी वक़्त है.. अभी तो एंजाय कर.. उम्र के साथ वक़्त आता है जब सब करना पड़ता है..
आहना – आंटी आप लोग कितना एंजाय करते हो ना सेक्स..
पिंकी – तू क्यूँ टेंशन ले रही है, तू भी हमेशा एंजाय करेगी..
आहना – मम्मी ने मुझे देखा क्या ..?..
पिंकी – नहीं, मैंने उसे ये नहीं बोला की तू अंदर देख रही थी.. मैंने बस ये बोला की शायद तू आ गई है और मैं यहाँ आ गई.. अब बता की उस दिन जब गाण्ड में सुयश लंड डाल रहा था तो क्या प्राब्लम हो रही थी..
आहना – आंटी, मेरी गाण्ड का छेद इतना छोटा है और सुयश का लंड इतना बड़ा, उसने काफ़ी कोशिश करी फिर भी लंड मेरी गाण्ड में नहीं गया..
पिंकी – देखो बेटा, गाण्ड में लंड डालने से पहले उसे रेडी करना बहुत ज़रूरी है.. मेरे पर्स में एक लोशन है वो निकाल.. देख ये जो लोशन है ख़ास अनल सेक्स के लिए है.. वैसे तो कोई भी आयिल इस्तेमाल कर सकते हैं.. पर मैं तुझे ये दे देती हूँ.. इसे इस्तेमाल करना.. काफ़ी अच्छा काम करता है..
आहना – कैसे आंटी, मैं नंगी हो जाऊं.. आप दिखाओगे..
पिंकी – हाँ उतार..
आहना – आंटी मेरी गाण्ड में दर्द तो नहीं होगा..
पिंकी – थोड़ा होगा बेटा, पर आदत हो हो जाएगी तो फिर एंजाय ही करोगी..
फिर मैंने थोड़ा लोशन आहना की गाण्ड के छेद में डाला, उसकी गाण्ड की छेद में उंगली डाल के लोशन को अच्छे से गाण्ड में मिलाया..
पिंकी – अब गाण्ड को छेद को तू ढीला करना सिख, जैसे नॉर्मल साँस लेती हो ना, सोचो गाण्ड से हवा अंदर ले रही हो और बाहर छोड़ रही हो..
आहना ने भी अपने गाण्ड की छेद को सिकोडा और फिर फैलाया..
पिंकी – हाँ अब जान सुयश अपना लंड डालेगा तो इस छेद को फैला के रखना..
आहना – आंटी ये उंगली ही मुझे टाइट लग रही है, लंड कैसे लूँगी..
पिंकी – रुक अभी मैं एक डिल्डो डाल के दिखती हूँ.. ये डिल्डो भी तू रख लेना.. सुयश को बोलना की पहले इसे इस्तेमाल करके गाण्ड की छेद को थोड़ा तैयार करे, फिर अपना लंड पेल..
फिर मैंने आहना की गाण्ड की छेद में डिल्डो को सुपाड़ा रखा..
उसे छेद फैलने को बोला..
मैंने फिर प्रेशर दिया उस सुपाड़े को अंदर डालने के लिए.. थोड़ी मुश्किल से पर सुपाड़ा आहना की गाण्ड में चला गया..
आहना – मम्मी !!! आंटी नहीं जाएगा..
पिंकी – जाएगा बेटा, मेन पार्ट जा चुका है.. अब तो बस तू छेद को और फैला और इस डिल्डो को अंदर खींचने की कोशिश कर..
फिर आहना ने डिल्डो और अंदर लेने की कोशिश करी. मैंने भी और धक्का लगाया और आधा से ज़्यादा डिल्डो उसकी गाण्ड में घुस गया..
आहना – आंटी, और नहीं..
पिंकी – ओ के .. बेटा, इतना काफ़ी है, मैंने इसे अंदर बाहर करती हूँ.. थोड़ा दर्द होगा पर तू कंट्रोल कर..

फिर मैंने डिल्डो को आहना की गाण्ड के अंदर बाहर करना शुरू किया.. धीरे धीरे डिल्डो ने स्पीड पकड़ ली और अब आहना की गाण्ड का छेद खुलने लगा था.. मैं धीरे धीरे उसकी गाण्ड को चोदना कंटिन्यू रखा..
पिंकी – बेटा, ऐसे ही पहले सुयश को बोलना की वो गाण्ड की छेद को खोले और फिर उसके बाद अपना लंड पेले..
अब देख मैं डिल्डो को पूरा बाहर निकालती हूँ, और फिर डालने की कोशिश करूँगी.. इस बार पहले से कम मुश्किल होगी..
मैंने फिर डिल्डो को पूरा बाहर निकाला और फिर से उसे गाण्ड के छेद में डालने लगी..
थोड़ा प्रेशर लगाया और डिल्डो फिर से आधा से ज़्यादा गाण्ड के अंदर चला गया..
पिंकी – अब यदि मैं और प्रेशर दूँ तो ये और भी अंदर जा सकता है.. पर ऐसे ही तुम दोनों को पहले ये छेद रेडी करना होगा तभी लंड आसानी से अंदर जाएगा..
आहना – समझ गई आंटी.. नेक्स्ट टाइम ट्राइ करूँगी..
कहानी जारी रहेगी…
Meri Sex Story Ki Taraf Se Pinki Ji Ko Dhero Badahai…