Thundan/ September 1, 2017/ Hindi Romantic Stories, Hindi Sex Stories

Meri Sex Story Par Nisha Apni Beti Ko Dudh Pan Kara Rahi Hai.. Par Kya Aap Janna Nahi Chahege Uski Beti Ki Umar Kya Hai…
लेखिका – पिंकी
पिंकी – चूत की अच्छे से चुसाई होगी ना बेटा, तो तुम बहुत मज़े करोगी.. इसलिए ज़रूरी है की जब लड़के तुम्हारी चूत चूसेंगे तो तुम भी पार्टिसिपेट करो.. जैसे की जब सुयश चूत चूस रहा होगा तो तुम उसके सिर को हाथ से पकड़ के उसे अपने चूत के और अंदर डालने को कोशिश करना.. चूत बहुत संवेदन शील होती है और छेद के पास जो क्लिट होता है उसे जब वो चुसेगा तो और भी मज़ा आएगे.. तुम्हारे चूत में अजीब सा सनसनाहट होगा तो उसे एंजाय करना और ओपन हो के मुंह से एंजाय के आवाज़ को निकालने देना.. बीच बीच में उसे कॉंप्लिमेंट देना की ज़ोर से चूसो मज़ा आ रहा है..
निशा – पिंकी, तू चूस ना इसका चूत, इसे भी पता चले की कैसे रिक्ट करना है..
फिर मैंने आहना के सारे कपड़े निकाल दिए.. उसे पूरा नंगा कर दिया..
मैंने भी अपने सारे कपड़े निकाल दिए.. हम दोनों पूरे नंगे हो गये थे..
निशा ने भी अपना टॉप और स्कर्ट निकाल दिया और केवल ब्रा और पैंटी में वो आराम से बैठ गई..
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आहना – आंटी, आपकी फिगर बहुत अच्छी है..
पिंकी – तुम्हारी भी बहुत सेक्सी है.. तेरे मम्मे काफ़ी अच्छे आ रहे हैं.. क्या साइज़ की ब्रा पहन रही हो अभी..?..
आहना – 32ब आंटी.. आप के बूब्स तो कितने बड़े और अच्छे हैं..
पिंकी – मेरे से ज़्यादा बड़े और अच्छे तेरी मम्मी की है.. दिखा ना निशा..
फिर निशा ने भी अपने ब्रा खोल दिए और अपने दोनों गोले को आज़ाद कर दिया..
आहना – वाव, मम्मी, ब्यूटिफुल बूब्स..
निशा – तूने ही चूस चूस के इसे बड़ा किया है..
आहना – कहाँ मम्मी, अभी चूसने दो ना..
निशा – चल पिंकी, तू इसकी चूत चूस मैं इसे अपना दूध पिलाती हूँ..
फिर मैंने आहना को बेड पे लिटाया और उसके पैरों को फैला लिया और उसकी चूत की और जाने लगी.. तब तक निशा भी आहना के पास आ गई थी और उसके मुंह में अपनी चुचि डाल दी थी.. मैंने फिर आहना की चूत की स्किन को साइड किया.. काफ़ी टाइट चूत थी..
इतने देर से हो रहे सेशन से उसकी चूत ऑलरेडी गीली हो चुकी थी..
मैंने उसकी चूत के छेद में अपनी एक उंगली डाली और उसकी चूत को चोदने लगी..
फिर उसकी क्लिट को टच किया.. आहना ने झट से अपना गाण्ड उठा लिया..
निशा – बेटा, ऐसे हटाना नहीं है.. आंटी जो कर रही हो.. उसके मज़े लो..
फिर मैंने उसकी क्लिट को अपने दोनों लीप में लिया और सक करने लगी.. आहना की पूरी बॉडी हिलने लगी थी..
आहना – आंटी मच मच हो रही है..
निशा – होने दे, तभी तो मज़ा आएगा..
मैंने उसकी क्लिट को और भी चूसना चालू किया और उसकी चूत को अपनी एक उंगली से और भी तेज़ी से चोदने लगी..
आहना अब कंट्रोल अच्छे से कर रही थी और वो भी चूत की चुसाई को एंजाय करना लगी..
थोड़ी देर में ही आहना की चूत गीली हो गई, मैंने उंगली को चूत की छेद में डाले ही रखा और फिर चूत के के और उंगली से निकालते रस को चूसने लगी..
आहना ने मेरे सिर को अपने चूत में हाथ से दबाना शुरू किया और क्यूँ की उसके मुंह में निशा ने चुचि डाल रखी थी वो निशा की निप्पल को ज़ोर ज़ोर से चूसने लगी और काटने लगी..
निशा – बदमस, चूत की मच मच तू मेरी निप्पल काट के मिटाएगी..
निशा ने फिर चुचि उसके मुंह से निकाल दिया और बोला ले जैसे आंटी तेरी चूत चूस रही है, तू भी मेरी चूत चूस.. और वो उठ के आहना के मुंह में बैठ गई और चूत को आहना के मुंह में डाल दिया..
अब मैं आहना की चूत को खा रही थी.. और आहना निशा की..
निशा – बेटा, ये देख ये है क्लिट, इसे भी चूस ज़ोर ज़ोर से..
आहना के लिए थोड़ा मुश्किल था क्यूँ की मैं उसकी चूत में तूफान मचा रही थी, इसलिए वो उंगली इस्तेमाल नहीं कर पा रही थी..
वो एक हाथ से मेरा सिर पकड़ी हुई थी, दूसरी हाथ से अपनी चुचि दबा रही थी और जीभ से निशा की चूत चूस रही थी..
ऐसा ही हम कुछ देर तक करते रहे..
दूसरी बार जब आहना की चूत ने पानी छोड़ा तो आहना ने मेरा सिर ज़ोर से अपनी चूत में दबा दिया.. मैं भी उसका पानी चाट गई..
निशा ने भी तक तक चूत से पानी छोड़ दिया था.. फिर तीनों ने थोड़ा ब्रेक लिया..
पिंकी – आहना बेटा, कैसा लगा..
आहना – आंटी, आपने तो आज मुझे बेहाल कर दिया..

पिंकी – तुमने निशा की चूत चाट ली, घिंन आई..
आहना – नहीं आंटी..
निशा – हाँ तो बस सुयश का लंड भी लॉगी ना मुंह में घिंन नहीं आएगी.. तुम अब ओरल सेक्स के लिए रेडी हो..
आहना – अब क्या मम्मी,
निशा – अब बस, रियल चुदाई.. चूत में लंड की जुटाई..
आहना – वोही मैं है ना..?..
पिंकी – हाँ है तो..
निशा – तू टेंशन ना ले, अभी तेरी चूत में ये डिल्डो डाल के तेरी चूत का साइज़ थोड़ा बड़ा कर देंगे, ताकि तुझे सुयश का लेने डर ना लगे..
फिर निशा ने फिर से आहना को लिटा दिया.. मैं और निशा दोनों उसकी चूत के पास थे..
मैंने डिल्डो हाथ में लिया और उसकी चूत के बाहर रगड़ने लगी..
फिर निशा ने चूत की स्किन की साइड की, मैं डिल्डो को स्किन के अंदर डाल के फिर डिल्डो को बिना छेद में डाले रगड़ने लगी..
निशा – उस दिन सुयश ऐसे ही रगड़ रहा था..?..
आहना – हाँ मम्मी..
फिर मैंने डिल्डो को उसकी चूत की छेद पे आईं किया और थोड़ा प्रेशर दिया..
आहना – मम्मी नहीं जाएगा..
निशा – तू बस जो अंदर जा रहा है ना उसे अंदर की और ले, जैसे मुंह से चूसती है ना, वैसे की डिल्डो को चूत से चूस.. तू भी कोशिश करेगी तो दर्द कम होगा..
फिर मैंने डिल्डो में प्रेशर बढ़ाया और झट से डिल्डो का सुपाड़ा आहना की चूत में चला गया.. आहना दर्द से उछाल गई.. निशा ने उसे काम किया और उसे अपनी चुचि चूसने को दे दिया.. मैंने फिर से एक और धक्का लगाया और डिल्डो थोड़ा और अंदर चला गया..
आहना – मम्मी, मॅर गई..
निशा – नहीं बेटा, थोड़ा दर्द बर्दाश्त कर ले, फिर लाइफ भर एंजाय ही करना है..
मैंने फिर से एक और धक्का दिया और डिल्डो आधा उसकी चूत में था.. मैंने आधे ही डिल्डो से उसकी चूत को चोदना शुरू किया..
थोड़ी देर डिल्डो को उसकी चूत में अंदर बाहर करने से आहना अब शांत होने लगी थी. वो दर्द को बर्दाश्त कर पा रही थी, और अब एंजाय करने लगी थी..
निशा ने मुझे फिर से और अंदर डालने का इशारा किया..
मैंने एक और धक्का लगाया और इस बार 80% डिल्डो उसकी चूत के अंदर चला गया.. वो फिर से दर्द से चिल्ला पड़ी..
आहना – मम्मी, मेरी चूत फट गई..
निशा – नहीं बेटा, चूत चुद गई..
मैंने थोड़ी देर डिल्डो को अंदर ही छोड़ दिया, जब आहना नॉर्मल होने लगी तो मैंने उसकी चूत को चोदना शुरू किया..
डिल्डो को बाहर निकालती और फिर अंदर तक ले जाती..
थोड़ी देर में आहना की चूत अब 80% डिल्डो को आराम से अंदर ले रही थी..
चूत टाइट थी, काफ़ी प्रेशर लगाना पड़ रहा था मुझे उसकी चूत को डिल्डो से चोदने में..
फिर मैंने थोड़ी देर बाद एक और धक्का दिया और पूरा का पूरा डिल्डो आहना की चूत में डाल दिया.. आहना की चूत का की सारी पोर्षन में हलचल हुई.. इस बार लेकिन आहना चिल्लाई नहीं और उसने दर्द को बर्दाश्त किया..
निशा – बस बेटा पूरा डिल्डो तेरी चूत में है.. अब बस थोड़ी देर में और..
मैंने अब उसकी चूत को चोदना शुरू किया.. धीरे धीरे उसकी चूत को चोदने लगी.. फिर निशा ने डिल्डो अपने हाथ में ले लिया और वो आहना को चोदने लगी.. कुछ ही देर में आहना ने ढेर सारा पानी छोड़ा और ढेर हो गई..
निशा ने उसे किस किया, आहना की आँखों से आँसू आने लगे थे.. पर वो खुश थी..
आहना – मम्मी, मेरी चूत..
निशा – हाँ बेटा, तुम्हारी चूत अब सुयश का लंड ले लेगी.. एंजाय करना बेटा..
आहना – धन्यवाद आंटी..
पिंकी – इट्स ओ के .. बेटा, सॉरी यदि ज़्यादा दर्द हुआ हो तो..
आहना – दर्द तो हुआ आंटी पर अब अच्छा लग रहा है..
पिंकी – बस अब मुझे मालूम है की तुम मेरे बेटे का लंड अच्छे से अंदर लोगी.. तुम दोनों खूब एंजाय करना और हाँ ऑल्वेज़ प्रोटेक्षन इस्तेमाल करना..
आहना – हाँ आंटी..
निशा ने उसे लेटे हुए ही हग किया और प्यार करने लगी..
निशा – मेरी बेटी बड़ी हो गई.. लंड लेने को रेडी है अब तो.. कभी भी कुछ भी प्राब्लम हो, शेयर करना मुझसे.. मैं ऑल्वेज़ तेरी हेल्प करूँगी..
आहना की ट्रैनिंग के बाद हमने साथ ही लंच भी किया.. फिर मैं वापस अपने घर चली गई..
आगे कैसे मैंने निशा रूचि और अंकिता सब ने मिल के लेज़्बीयन सेक्स एंजाय किया और कैसे मैंने अंकिता से एक दूसरे की बेटे की स्वपिंग की बात करी वो नेक्स्ट पार्ट में..
Meri Sex Story Par Kal Padhna Na Bhule Meri Chut Chulbulati Jaaye Ka Next Part…